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  जिलाधिकारी नवनीत पाण्डे ने शुक्रवार प्रातः प्रसिद्ध मॉ पूर्णागिरि धाम पंहुचकर मां पूर्णागिरि के दर्शन किए तथा  पूजा अर्चना कर जनपद वासियों की सुख, समृद्धि की कामॅना मॉ पूर्णागिरि से की और मंदिर परिसर की व्यवस्थाओं का भी जायजा लिया।* मंदिर दर्शन के बाद जिलाधिकारी ने मंदिर समिति के कार्यालय में मंदिर समिति के सदस्यों के साथ बैठक कर क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं पर चर्चा की और व्यवस्थाओं को जाना। मंदिर समिति के अध्यक्ष किशन तिवारी द्वारा जिलाधिकारी का स्वागत करते हुए उन्हें क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं से अवगत कराया। बैठक में अध्यक्ष मंदिर समिति ने बताया कि यहां वर्ष भर लाखों की संख्या में दर्शनार्थी मॉ पूर्णागिरि के दर्शन के लिए आते है इसलिए दर्शनार्थी को बेहतर सुविधाए मिलें इस हेतु उन्होंने जिलाधिकारी से सभी आवश्यक व्यवस्थाए पूर्ण कराने का अनुरोध किया। उन्होंने पूर्णागिरि मंदिर के सुधारीकरण की मांग भी की, जिस पर जिलाधिकारी ने मंदिर समिति से  सुधारीकरण हेतु प्रस्ताव उपलब्ध कराने को कहा और कहा कि मंदिर के सुधारीकरण हेतु टेक्निकल एक्सपार्टो से सर्वे कराकर आवश्यक कार्य किया जाएगा। अध्यक्ष मंदिर समिति द्वारा जिलाधिकारी को अवगत कराया कि क्षेत्र में पेयजल की समस्या हो रही है और क्षेत्र के लिए मा.मुख्यमंत्री पंपिंग योजना की घोषणा भी की गयी है यदि पंपिंग योजना का कार्य शीघ्र प्रारम्भ हो जाय तो समस्या का समाधान हो जायेगा, साथ ही मेला क्षेत्र में जल निकासी की भी समस्या रखी, जिस पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को समस्या के समाधान हेतु कार्यवाही कर लोगों की समस्याओं का शीघ्र समाधान करने के निर्देश दिये। मंदिर समिति ने मेला क्षेत्र में वाहनों की पार्किंग में हो रही मुख्य समस्या का भी समाधान करने का अनुरोध जिलाधिकारी से किया। साथ ही उन्होंने जिलाधिकारी को बताया की मानसून काल में बाटनागाड़ मार्ग लगातार बंद हो जाता है जिससे मॉ पूर्णागिरि के दर्शन करने आने वाले श्रद्धालुओं को कठिनाई का सामना करना पड़ता है और अधिकतर श्रद्धालु मंदिर नहीं आ पाते है और साथ ही इससे यहा के व्यापारियों को भी काफी आर्थिक नुकसान झेलना पड़ता है, इसलिए उन्होंने बाटनागाड़ मार्ग के स्थाई समाधान करने की अपील जिलाधिकारी से की। मंदिर समिति ने जिलाधिकारी से पूर्णागिरि धाम के लिए जो भी आवश्यकीय कार्य होने है उसे तत्काल कराये जाने का अनुरोध किया। इस दौरान अध्यक्ष मंदिर समिति द्वारा बताया कि वर्तमान में पुलिस चौकी हेतु भूमि की खोजबीन की जा रही है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में यहा जो सेलागाड़ पटवारी चौकी है वह काफी समय से खाली पड़ी है। जब तक पुलिस चौकी हेतु भूमि नहीं मिल जाती हैं तब तक खाली पड़ी पटवारी चौकी को पुलिस विभाग को दे दी जाय तो बेहतर होगा, जिस पर *जिलाधिकारी द्वारा पुलिस चौकी के स्थाई निर्माण हेतु उपजिलाधिकारी टनकपुर को आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिये।*  
*बैठक में जिलाधिकारी ने कहा की मंदिर क्षेत्र की सभी समस्याओं का बेहतर से बेहतर हल निकाल समस्याओं को दूर किया जाएगा।* इस मौके पर जिलाधिकारी द्वारा मानसून काल में बेहतर कार्य करने हेतु तहसीलदार पिंकी आर्या तथा सहायक अभियन्ता लोनिवि लक्ष्मण सिंह सामन्त की सराहना करते हुए उन्हें पुरस्कृत कर सम्मानित।
बैठक के उपरांत जिलाधिकारी ने पूर्णागिरि कटौजिया जमरानी क्षेत्र का निरिक्षण किया और बताया कि कटौजिया जमरानी क्षेत्र में आयी दरार, भू-धसाव के सामाधान हेतु भू वैज्ञानिको से सर्वे कराया जा रहा है और उनकी रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्यवाही की जाएगी। साथ ही लोनिवि को कटौजिया में स्थित नाले में सुरक्षा कार्य करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान भैरव मंदिर में टीआरसी क्षेत्र में हो रहे भू धसाव की भी समस्या से स्थानीय लोगों द्वारा जिलाधिकारी को अवगत कराया। जिलाधिकारी ने भैरव मंदिर में वर्तमान में चिकित्सा विभाग के भवन में संचालित पुलिस चौकी, ठुलीगाड़, बाटनागाड़ आदि क्षेत्रों का भी निरीक्षण किया और अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
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